कांची नदी पर नवनिर्मित पुल टुटा, उद्घाटन से पहले धारा शाही हुआ पुल, 40 गांव प्रभावित
राँची: करोड़ों रुपए खर्च कर बनया गया हेठबुढ़ाडीह और हाराडीह मंदिर को जोड़ने वाली कांची नदी पर स्तिथ पुल गुरुवार को ध्वस्त हो गया। ज्ञात हो कि इस पुल का शिल्यानास 2014 में और पुल को 2019 में आम जनों के लिए खोल दिया गया था जिसके दो वर्ष बीत जाने के बाद आज पुल ने अपना दम तोड़ दिया जिससे लगातार बारिश के कारण उसका एक पिलर नीचे दब गया । हालांकि इससे किसी जान माल को नुकसान नहीं हुआ है लेकिन बुंडू, तमाड़, सोनाहातू तथा राहे प्रखंड के सैकड़ों गांवों का संपर्क टूट गया है। ग्रामीणों की माने तो पुल निर्माण के दौरान छड़, सीमेंट वैगरह में अनियमितता बरती गई थी, जिसको लेकर ग्रामीणों ने तमाड़ विधायक विकास कुमार मुंडा को बुलाया था, जहां उन्होंने निरीक्षण भी किया था। लेकिन काम करवा रहे मुंशी ने एक ना सुनी और पुल का निमार्ण कार्य पूरा कर दिया। हालांकि इसका विधिवत उद्घाटन होना अभी बाकी है। पुल को देखने पर लगता है की ऐसे दो खंभा और ध्वस्त होने को हैं। इसके अलावा नियमित रूप से बालू उठाव भी इसका दूसरा कारण बताया जा रहा है। इसको लेकर ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन को बार बार कहने के वावजूद कोई कारवाई नहीं करना इसके उदासीन रवैया को भी एक कारण बताया जा रहा है। अगर प्रशासन इस पर समय रहते ध्यान दे देती तो यह पुल की यह दशा नहीं होती। इसको लेकर ग्रामीणों ने रोष व्यक्त किया है और पुल की जल्द मरम्मती का आग्रह सरकार से किया है।